घृणा और भड़काऊ भाषण देनेवाले पार्टी की मान्यता रद्द करने का अनुरोध चुनाव आयोग से की जानी चाहिए: गोपाल प्रसाद

अब समय आ गया है कि सभी लोग अपने अपने स्तर पर ऐसे घृणा वाले भड़काऊ भाषण के वीडियो और पोस्ट को सुप्रीम कोर्ट, हाई कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश,केंद्रीय गृह मंत्री, दिल्ली पुलिस आयुक्त को सौंपें और अबिलंब कार्यवाही का अनुरोध करें। याद रखें दंगा करनेवाले से भी ज्यादा दोषी दंगा भड़काने वाला,दंगा करवाने वाला है। अनगिनत तथाकथित मौलवी,जेहादी साहित्य,जेहादी वीडियो,जेहाद और आतंकवाद फैला रही संस्थाएं और उसको वित्तपोषण (टेरर फंडिंग) करनेवाली तमाम संस्थाओं की व्यापक पूछताछ और निगरानी हो। दिल्ली सरकार द्वारा लगाए गए CCTV फुटेज को बारीकी से चेक किया जाय। चैनलों की वीडियो फुटेज, सोशल मीडिया में आए वीडियो को अवलोकन करने के बाद दोषियों को आसानी से चिन्हित किया जा सकता है। इस हेतु गृह मंत्रालय को एक अलग निगरानी तंत्र एवं हेल्पलाइन नंबर शुरू करना चाहिए। घृणा और भड़काऊ भाषण देनेवाले पार्टी की मान्यता रद्द करने का अनुरोध चुनाव आयोग से की जानी चाहिए।

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